5 नए फार्मेसी कॉलेज खुलेंगे और सबको मिलेगी यह सारी सुविधाएं
जल्द बिहार में खुलने जा रहा है 5 नए फार्मेसी कॉलेज, इस बात की पुस्टिकरण कि है बिहार के स्वास्थ मंत्री मंगल पांडेय द्वारा। पांडेय जी सोमवार को पंडौल के भौर गांव में अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सह हेल्थ वेलनेस सेंटर केलोकापर्ण कार्यक्रमको संबोधित कर रहे थे, तभी अपने भाषण में उन्होंने इसकी घोषणा की।
पांडेय जी का कहना है कि इस काम को समय पर पूरा करने के लिए कार्य को नई गति दी गई है। इसके बाद अपने भाषण में उन्होंने कहा कि, “पंडौल के ग्रामीण क्षेत्र में खुले इस सीएचसी से लोगों को सीधे लाभ मिलेगा, आयुष्मान भारत मोदीजी की बेहद महत्वपूर्ण योजनाओं में से एक है।” कुछ महीनों पहले तक खबर थी कि इस योजना में काम से काम 5 साल का वक्त लगेगा और कुछ तो कह रहे थे कि इसको सरकार भूल चुकी है। लेकिन स्वास्थ मंत्री के इस बयान से इन सभी अफवाहों और पुरानी खबरों को एक झटके में साफ कर दिया है।
क्या होता है फार्मेसी कॉलेज, इससे हमें क्या फायदा?
फार्मासिस्ट विभिन्न प्रकार के क्षेत्रों में अभ्यास करते हैं, जिनमें सामुदायिक फ़ार्मेसी, अस्पताल, क्लीनिक, विस्तारित देखभाल सुविधाएं, मनोरोग अस्पताल और नियामक एजेंसियां शामिल हैं। इससे हमें सीधा फायदा मिलता है, इस पढ़ाई को पढ़ने के लिए बिहार के बच्चे दूसरे प्रदेश में जाकर पढ़ाई पूरी करते हैं जो कि अब उन्हें यही करने का मौका मिल रहा है। इस पढ़ाई को पूरी करने के बाद बिहार में स्वास्थ्य सेवा और भी विकसित हो जाएगी।

