अब पटना का बेली रोड अब जाना जाएगा इस पथ के नाम से, लगी मुहर
बिहार कैबिनेट की बैठक बुधवार को देर शाम हुई। शाम लगभग सवा सात बजे हुई इस बैठक में बिहार कैबिनेट ने 15 प्रस्तावों पर मुहर लगाई। बैठक में इस पर मुहर लग गई कि पटना का बेली रोड अब नेहरु पथ के नाम से जाना जाएगा। इसके अलावा जल जीवन हरियाली मिशन के लिए राशि आवंटित की गई। वहीं कई विभागों में पद भी सृजित किए गए।
दो अक्टूबर से प्रारंभ होने वाले जल-जीवन-हरियाली मिशन पर राज्य सरकार अगले तीन वर्ष में 24524 करोड़ रुपये खर्च करेगी। मुख्यमंत्री के इस महत्वकांक्षी अभियान की प्राथमिकताओं एवं लक्ष्यों के निर्धारण, नियमित मॉनीटरिंग एवं अभियान को मिशन मोड में लागू करने के लिए जल-जीवन-हरियाली मिशन का गठन भी किया जाएगा।
अगले तीन वर्ष के दौरान अभियान को सफलता पूर्वक संचालित करने के लिए मंत्रिमंडल ने 24524 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं। चालू वित्तीय वर्ष में इस अभियान पर 5870 करोड़ रुपये खर्च होंगे। वित्तीय वर्ष 2020-21 में अभियान के लिए 9874 करोड़ और 2021-22 के लिए 8780 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
मंत्रिमंडल ने प्रदेश के 24 जिला मुख्यालयों में 123.54 करोड़ रुपये की लागत पर जिला पंचायत संसाधन केंद्र (डीपीआरसी) भवन निर्माण और 14 अपेक्षाकृत छोटे जिलों में चार करोड़ रुपये की लागत से जिला पंचायत संसाधन केंद्र भवन निर्माण बनाने की मंजूरी भी दी है।
मंत्रिमंडल ले बेहतर पुलिसिंग के लिए राज्य के विभिन्न जिलों के 43 पुलिस अनुमंडलों में अपर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एएसडीपीओ) के 43 अतिरिक्त पद सृजन की मंजूरी भी दी है। इसके साथ ही मंत्रिमंडल ने सुपौल जिला के वीरपुर में आइबी कार्यालय के लिए केंद्र सरकार को 7.87 लाख रुपये मूल्य पर दस डिसमिल जमीन देने का प्रस्ताव भी स्वीकृत किया है। साथ ही विशेष निगरानी इकाई में अनुबंध पर नियुक्त अरुण कुमार शर्मा की सेवा अवधि को 10 मई 2021 तक का विस्तार देने का प्रस्ताव भी स्वीकृत किया है।

