जगन्नाथ मिश्रा के सम्मान मे पुलिस की बंदूक नहीं चली, विस्तार से जानिये शर्मनाक घटना।
बबिहार पुलिस हमेशा से अपने अजीबोगरीब कारनामों के लिए जानी जाती है। लेकिन इस बार तो सारी हदें पार हो गई। कभी इसका मजाक पुलिसकर्मियों की वजह से उड़ता है तो कभी संसाधनों के अभाव में। बुधवार को भी एक ऐसा ही नजारा देखने को मिला जब एक साथ बिहार पुलिस की 22 राइफल फेल कर गईं। दिवंगत डॉ जगन्नाथ मिश्रा के सम्मान में गार्ड ऑफ ऑनर के लिए 22 पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी। लेकिन इनमें से एक भी पुलिस की बंदूक नहीं चली। सब बंदूकें फुस्स कर गयीं।
अापको बता दे कि बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री डॉ जगन्नाथ मिश्र का निधन सोमवार को दिल्ली के एक अस्पताल में हो गया था। मंगलवार को उनका पार्थिव शरीर पटना लाया गया। विधानमंडल परिसर के साथ कांग्रेस कार्यालय में उन्हें श्रद्धांजलि दी गई।
इस घटना के बाद कोसी रेंज के डीआइजी सुरेश चौधरी ने कहा कि इस मामले की जांच सुपौल के हेडक्वार्टर डीएसपी को दी गई है। गार्ड ऑफ ऑनर ब्लैंक कार्टेज से दी जाती है, जो फायर नहीं हुआ। यह रेगुलर कॉर्टेज नहीं होता है। जो भी हो, मामले की जांच में जो दोषी पाए जाएंगे, उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जानकारी के लिए आपको बता दे कि गार्ड ऑफ ऑनर देने या गोली का डेमो करने के लिए ब्लैैंक कार्टेज का उपयोग होता है। विशेष तरह की इस गोली में छर्रा नहीं होता है। सिर्फ बारूद भरी होती है, जिससे आवाज निकलती है।

