गया बम ब्लास्ट में हुई इतनो की मौत, देहशत कि चपेट में जनता
यह दिल दहलाने वाली खबर है बिहार के गया जिले के अति नक्सल प्रभावित इलाके कि जिसका नाम है इमामगंज। हमारे छानबीन के मुताबिक यह बम कोई ऐसा वैसा नहीं बल्कि एक ताकतवर IED बम था। इस बम धमाके के चपेट में एक लड़की की मौत तक हो गई। इस दुर्घटना के होने के तुरंत बाद पुलिस घटनास्थल पर पहुंच कर घटना कि जांच पड़ताल में जुट गई है।
जानिए किस तरह बम को लगाया गया था और वह कैसे फटा
इस बम को इस प्रकार लगाया गया था कि कोई इसपर पैर या फिर कोई वाहन अगर इसपर से गुजरे तो वह बम फट जाए। इस प्रकार के बमो को अंग्रेजी में लैंडमाइन कहते है। सूत्रों के मुताबिक वह बच्ची अपने मा के साथ जंगल में लकड़ी चुनने गई थी, और इसी बीच उस बच्ची का पैर उस बम पर जा गिरा और वह बम फट गया। लड़की की मौके पर ही मौत हो गई, उसके शरीर के टुकड़े टुकड़े हो गई थी बम के धमाके से।
बच्ची की मौत होने के साथ साथ उसकी मा भी गम्भीर रूप से घायल बताई जा रही है। उसकी मा को आननफानन में घायल रूप में गांव में लाया गया, जिसे बाद में शहर के बड़े अस्पताल में भर्ती कराया गया। बताया जा रहा है कि इस तरह के बम का इस्तेमाल नक्सली करते हैं सुरक्षाबलों को निशाना बनाने के लिए।

